Home / सिख गुरु साहिबान / श्री गुरु हरगोबिंद साहिब का जीवन परिचय1 min read

श्री गुरु हरगोबिंद साहिब का जीवन परिचय1 min read

श्री गुरु हरगोबिंद साहिब का जीवन परिचय

श्री गुरु हरगोबिंद साहिब का जीवन परिचय।

श्री गुरु हरगोबिंद साहिब सिखों के छठे गुरु थे। इनका जन्म 19 जून  1595  को हुआ। गुरु हरगोबिंद साहिब, गुरु अर्जन देव की इकलौती संतान थे। सिख समुदाय को एक सेना के रूप में संगठित करने का श्रेय गुरु हरगोबिंद जी को ही जाता है।

योद्धा चरित्र

इन्होने सिख कौम को योद्धा चरित्र प्रदान किया था। सन 1606  में 11 साल की उम्र में ही गुरु हरगोबिंद साहिब जी ने अपने पिता से “गुरु” की उपाधि पा ली थी। गुरु अर्जन साहिब जी की शहादत के बाद सिखों के लिए यह एक महत्वपूर्ण पल था जब सिखों ने मुग़ल साम्राज्य की मनमानी को रोकने के लिए पहली बार गंभीरता से विचार किया था।

गुरु हरगोबिंद साहिब के कार्य 

गुरु हरगोबिंद साहिब ने अनेक कार्य किये। उनमे से कुछ मुख्या कार्य निम्न है। गुरु हरगोबिंद साहिब ने शांति और ध्यान में लीन रहने वाली इस कौम को राजनैतिक और आध्यात्मिक दोनों तरीको से चलने का फैसला किया। गुरु हरगोबिंद सिंह ने दो तलवारे पहननी शुरू की। जिसमे से एक थी आध्यात्मिक शक्ति के लिए और दूसरी थी सैन्य शक्ति के लिए।

संत सैनिको

अब सिखों की भूमिका बढ़ कर संत सैनिको की बन चुकी थी। गुरु हरगोबिंद जी स्वयं एक शक्तिशाली योद्धा थे। उन्होंने सिख समुदाय के अन्य लोगो को भी लड़ने का प्रशिक्षण दिया। उन्होंने एक बात को अपना मूल सिद्धांत बनाया की एक सिख योद्धा केवल बचाव के लिए ही तलवार उठाएगा, ना की हमले के लिए। गुरु हरगोबिंद जी ने ही अकाल तख़्त का निर्माण भी करवाया। गुरु हरगोबिंद जी ने अपने जीवनकाल में बुनियाद मानव अधिकारों के लिए कई लड़ाइयां लड़ी। गुरु हरगोबिंद जी की मृत्यु सन 1644  में हुई।

जानिए आयुर्वेद के विभ्भिन फायदे

For more updates visit AYURVEDA GYAN

About Deepika Bhatt

Check Also

गुरु हर कृष्ण साहिब जी

गुरु हर कृष्ण साहिब जी

गुरु हर कृष्ण साहिब जी Table of Contents गुरु हर कृष्ण साहिब जीगुरु हर कृष्ण …

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *